
जेएसडब्ल्यू सूरमा हॉकी क्लब ने पुरुष हीरो हॉकी इंडिया लीग (एचआईएल) के ग्रुप चरण के अपने अंतिम मुकाबले में आक्रामक खेल का शानदार नमूना पेश किया, लेकिन इसके बावजूद क्वालीफायर में जगह बनाने का सपना अधूरा रह गया। गुरुवार को खेले गए इस मुकाबले में सूरमा ने एसजी पाइपर्स को 6–1 के बड़े अंतर से हराया, मगर आवश्यक गोल अंतर हासिल न कर पाने के कारण टीम अगले दौर में प्रवेश करने से चूक गई।
क्वालीफायर-2 में जगह पक्की करने के लिए सूरमा को कम से कम सात गोल के अंतर से जीत दर्ज करनी थी। इसी दबाव के चलते टीम ने शुरुआत से ही बेहद आक्रामक रुख अपनाया और विपक्षी डिफेंस पर लगातार हमले किए। मैच के दूसरे ही मिनट में अनुभवी ड्रैग फ्लिक विशेषज्ञ जेरेमी हेवर्ड ने पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदलकर टीम को शुरुआती बढ़त दिला दी। इसके बाद सातवें मिनट में उन्होंने एक और सटीक ड्रैग फ्लिक से स्कोर दोगुना कर दिया।
सूरमा का दबदबा यहीं नहीं रुका। 11वें मिनट में लुकास मार्टिनेज ने तेज जवाबी हमले पर शानदार फील्ड गोल दागकर टीम को 3–0 की मजबूत बढ़त दिलाई। पहले हाफ में सूरमा ने खेल को पूरी तरह नियंत्रित रखा और एसजी पाइपर्स को खुलकर खेलने का कोई मौका नहीं दिया। तीसरे क्वार्टर में भी सूरमा का आक्रमण जारी रहा। जेरेमी हेवर्ड ने 34वें मिनट में अपना हैट्रिक गोल पूरा किया और 45वें मिनट में चौथा गोल दागकर स्कोर 5–0 कर दिया। उनकी ड्रैग फ्लिक क्षमता एसजी पाइपर्स के लिए सबसे बड़ी चुनौती साबित हुई।
अंतिम क्वार्टर की शुरुआत में 47वें मिनट पर निकोलस कीनन ने शानदार फील्ड गोल कर सूरमा को 6–0 की बढ़त दिला दी। इस गोल के साथ ही टीम क्वालीफिकेशन के बेहद करीब पहुंच गई थी । मैच के अंतिम मिनटों में एसजी पाइपर्स ने मजबूत रक्षात्मक खेल दिखाया और सूरमा को सातवां गोल करने से रोक दिया। पाइपर्स के लिए टोमास डोमेने ने सांत्वना गोल किया, लेकिन इससे मैच के नतीजे पर कोई असर नहीं पड़ा।





